तीन वर्ष का डिप्लोमा भी इण्टर के समकक्ष, परीक्षा नियामक प्राधिकारी ने  सभी डायट प्राचार्यों को जारी किया पत्र, तदनुसार कार्यवाही के निर्देश

 इलाहाबाद : माध्यमिक शिक्षा परिषद यानी यूपी बोर्ड इन दिनों तकनीकी शिक्षा संस्थानों पर मेहरबान है। आइटीआइ का डिप्लोमा करने वाले युवाओं को कुछ शर्तो के साथ हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की समकक्षता दी जा चुकी है। अगले चरण में प्राविधिक शिक्षा परिषद के तीन वर्ष के डिप्लोमा को भी इंटरमीडिएट के बराबर घोषित कर दिया गया। इससे तकनीक में दक्ष युवाओं के उच्च शिक्षित होने का रास्ता साफ हुआ है। 



इंटरमीडिएट शिक्षा अधिनियम 1921 के अधीन निर्मित माध्यमिक शिक्षा परिषद इन दिनों परीक्षा संबंधी विनियमों में लगातार संशोधन कर रहा है। एक के बाद एक नित नए युवाओं के लिए उच्च शिक्षा की राह आसान की जा रही है। परिषद समकक्षता बांटने में सिर्फ उत्तर प्रदेश के शैक्षिक संस्थानों को ही महत्व नहीं दिया है, बल्कि आसपास के प्रदेशों के विशिष्ट संस्थानों के युवाओं को सौगात दी है। यही नहीं यूपी बोर्ड ने कुछ भर्तियों में नियुक्ति के लिए आवेदन करने की अर्हता तक बदली है। अप्रैल-मई में आइटीआइ उत्तीर्ण युवाओं को कुछ शर्तो के साथ हाईस्कूल व इंटर की समकक्षता दी गई है। कुछ ही दिनों के अंतराल पर प्राविधिक शिक्षा परिषद के तीन वर्ष के डिप्लोमा को इंटर के बराबर करार दिया गया है।



 यह डिप्लोमा करने वाले अभ्यर्थियों को उच्च शिक्षा का लाभ तो मिलेगा ही नियुक्तियों में भी इंटर के बराबर माना जाएगा। इन दिनों बीटीसी 2015 की काउंसिलिंग में तीन वर्ष के डिप्लोमा प्रमाणपत्र बहुतायत में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थानों में पहुंचे हैं। डायट प्राचार्यो ने इस संबंध में परीक्षा नियामक प्राधिकारी सचिव से मार्गदर्शन मांगा। सचिव नीना श्रीवास्तव ने निर्देश दिया है कि तीन साल के डिप्लोमा को इंटर के बराबर माना गया है इसका गजट भी हुआ है। इसलिए शासनादेश के अनुसार कार्यवाही करना सुनिश्चित किया जाए। 

तीन वर्ष का डिप्लोमा भी इण्टर के समकक्ष, परीक्षा नियामक प्राधिकारी ने  सभी डायट प्राचार्यों को जारी किया पत्र, तदनुसार कार्यवाही के निर्देश Reviewed by Praveen Trivedi on 7:18 AM Rating: 5

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.