यूपी की 15 हजार शिक्षक भर्ती में नया मोड़, कोर्ट ने दिया नर्सरी टीचर्स ट्रेनिंग (एनटीटी) करने वाले अभ्यर्थियों को बाहर करने का आदेश

प्राइमरी स्कूलों में 15 हजार सहायक अध्यापकों की भर्ती से नर्सरी टीचर्स ट्रेनिंग (एनटीटी) करने वाले अभ्यर्थियों को बाहर कर दिया गया है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बेसिक शिक्षा परिषद की स्पेशल अपील को स्वीकार करते हुए सिंगल बेंच के आदेश को 7 अप्रैल को खारिज कर दिया है।
दरअसल 15 हजार शिक्षकों की भर्ती के लिए दिसम्बर 2014 में विज्ञापन जारी किया गया था। इसमें अवसर दिए जाने के लिए एनटीटी डिग्रीधारी साक्षी शुक्ला व अन्य ने हाईकोर्ट में याचिका कर दी जिस पर एकल बेंच ने 16 फरवरी 2015 को एनटीटी अभ्यर्थियों को शामिल करने का आदेश जारी किया।
इसके खिलाफ बेसिक शिक्षा परिषद ने स्पेशल अपील कर दी। बोर्ड का कहना है कि एनटीटी डिग्रीधारी कक्षा एक से पांच तक के स्कूल में पढ़ाने के लिए योग्य नहीं हैं, क्योंकि यह कोर्स 4 से 6 साल के बच्चों को प्री प्राइमरी कक्षाओं में पढ़ाने के लिए मान्य है।
राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (एनसीटीई) ने भी इस बात को स्वीकार किया कि एनटीटी की मान्यता प्राइमरी स्कूलों में पढ़ाने के लिए नहीं है। शिक्षक भर्ती में अर्हता संबंधी विवादों के समाधान के लिए शासन से गठित हाई पावर कमेटी ने भी एनटीटी को प्राइमरी स्कूलों में सहायक अध्यापकों की भर्ती के योग्य नहीं माना था।
अपने पक्ष में फैसला आने के बाद बेसिक शिक्षा परिषद के अफसर 15 हजार भर्ती में आवेदन करने वाले एनटीटी डिग्रीधारियों को बाहर करते हुए नियुक्ति पूरी करने की तैयारी करने में जुट गए हैं। गौरतलब है कि पिछले सप्ताह इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 15 हजार शिक्षक भर्ती छह सप्ताह में पूरी करने के आदेश दिए हैं।


यूपी की 15 हजार शिक्षक भर्ती में नया मोड़, कोर्ट ने दिया नर्सरी टीचर्स ट्रेनिंग (एनटीटी) करने वाले अभ्यर्थियों को बाहर करने का आदेश Reviewed by प्रवीण त्रिवेदी on 9:03 AM Rating: 5

No comments:

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.